बगहा। राज्य में बालू खनन पर प्रतिबंध लागू होने के बावजूद गंडक नदी के विभिन्न घाटों पर अवैध खनन का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। दीनदयाल नगर, रत्नमाला, शास्त्री नगर समेत कई घाटों से लगातार सिल्टी बालू की निकासी की जा रही है। बुधवार की सुबह खनन विभाग की टीम ने कार्रवाई करते हुए गंडक नदी से बालू लादकर ले जा रही एक बैलगाड़ी को जब्त कर नगर थाना के हवाले कर दिया। इस कार्रवाई के बाद अवैध खनन में संलिप्त लोगों में हड़कंप मच गया।

जानकारी के अनुसार, प्रतिबंध के बावजूद कुछ लोग बैलगाड़ी और ट्रैक्टर-ट्रॉली के माध्यम से रोजाना गंडक नदी से सिल्टी बालू निकालकर विभिन्न स्थानों तक पहुंचा रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि खनन माफिया प्रशासनिक कार्रवाई की परवाह किए बिना खुलेआम अवैध कारोबार संचालित कर रहे हैं। उनका कहना है कि कई बार शिकायत किए जाने के बावजूद यह धंधा पूरी तरह बंद नहीं हो पाया है। खनन विभाग को लगातार मिल रही शिकायतों के बाद बुधवार सुबह टीम ने नदी किनारे छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान बालू लादकर जा रही एक बैलगाड़ी को जब्त कर नगर थाना को सुपुर्द कर दिया गया। विभाग का कहना है कि जब्त वाहन के संबंध में नियमानुसार आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।

स्थानीय लोगों का मानना है कि अवैध बालू खनन से सरकार को राजस्व का नुकसान हो रहा है। इसके साथ ही गंडक नदी के प्राकृतिक स्वरूप, जलधारा और पर्यावरण पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है। विशेषज्ञ भी समय-समय पर अनियंत्रित खनन को नदी तंत्र के लिए गंभीर खतरा बताते रहे हैं। नगर थानाध्यक्ष शैलेश कुमार ने बताया कि खनन विभाग द्वारा जब्त की गई बैलगाड़ी थाना को सौंप दी गई है। मामले में आगे की विधिसम्मत कार्रवाई खनन विभाग करेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध बालू खनन के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले लोगों की पहचान कर उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, ताकि इस अवैध गतिविधि पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।















