बगहा। प्रखंड की छोटकी पट्टी बड़गांव पंचायत के वार्ड संख्या-11 स्थित पंचायत सरकार भवन परिसर में निर्माणाधीन सोखता के निर्माण कार्य में कथित अनियमितता का मामला सामने आया है। स्थानीय ग्रामीणों की शिकायत के बाद विभागीय अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जांच की, जिसमें निर्माण गुणवत्ता को लेकर कई गंभीर खामियां मिलीं। इसके बाद निर्माण कार्य तत्काल प्रभाव से रोक दिया गया।
जानकारी के अनुसार, ग्रामीणों ने आरोप लगाया था कि सोखता निर्माण में पुराने और जंग लगे सरिया का इस्तेमाल किया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने शुरुआत से ही इसका विरोध किया था, लेकिन निर्माण एजेंसी ने उनकी आपत्तियों को नजरअंदाज कर दिया। शिकायत मिलने के बाद संबंधित विभाग के कनीय अभियंता आशुतोष कुमार ने निर्माण स्थल का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पुराने सरिया के उपयोग समेत अन्य तकनीकी अनियमितताएं सामने आने पर कनीय अभियंता ने नाराजगी जताई। उन्होंने संवेदक को तत्काल निर्माण कार्य बंद करने का निर्देश देते हुए कहा कि वर्तमान निर्माण को तोड़कर विभागीय मानकों और गुणवत्ता के अनुरूप नए सिरे से सोखता का निर्माण कराया जाए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक योजनाओं में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
ग्रामीणों का कहना है कि बड़गांव पंचायत में विकास योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर पहले भी कई बार अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती रही हैं। उनका आरोप है कि समय पर प्रभावी निगरानी और कार्रवाई नहीं होने के कारण ऐसी घटनाएं लगातार दोहराई जा रही हैं। लोगों ने पंचायत क्षेत्र में चल रहे सभी निर्माण कार्यों की नियमित तकनीकी जांच कराने और दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
इस बीच कुछ ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि पंचायत के निर्वाचित मुखिया के स्थान पर उनके पति ही अधिकांश विकास कार्यों और निर्माण गतिविधियों की देखरेख करते हैं। हालांकि, इस आरोप पर संबंधित पक्ष की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। फिलहाल विभागीय अधिकारियों के निर्देश के बाद निर्माण कार्य रोक दिया गया है। अब दोबारा निर्धारित मानकों के अनुसार निर्माण कराए जाने की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। स्थानीय लोग मामले में पारदर्शी जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।














