वाल्मीकिनगर/बगहा। तिब्बत-नेपाल में आई फ्लैश फ्लड की त्रासदी के बाद गंडक नदी के निचले इलाकों में बाढ़ की आशंका को देखते हुए बिहार सरकार ने सतर्कता बढ़ा दी है। गुरुवार, 27 अगस्त को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और मुख्य सचिव, बिहार के साथ वाल्मीकिनगर एवं गंडक बराज क्षेत्र का हवाई सर्वेक्षण किया।
हवाई सर्वेक्षण के बाद मुख्यमंत्री सड़क मार्ग से गंडक बराज पहुंचे और बांध तथा नियंत्रण कक्ष का निरीक्षण किया। इस दौरान जल संसाधन विभाग के सचिव, पश्चिमी चंपारण के जिलाधिकारी, एसएसबी 21वीं वाहिनी बगहा के कमांडेंट एवं पुलिस अधीक्षक बगहा ने मुख्यमंत्री को गंडक नदी की मौजूदा स्थिति, बाढ़ पूर्व तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था की विस्तृत जानकारी दी।
एसएसबी 21वीं वाहिनी, बगहा के कमांडेंट तापेश्वर संबित राउत ने भी मुख्यमंत्री को राहत एवं बचाव कार्यों की तैयारियों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि संभावित आपदा की स्थिति से निपटने के लिए एसएसबी के राहत एवं बचाव दलों की तैनाती और अन्य आवश्यक तैयारियां पूरी रखी गई हैं।

नेपाल में भारी बारिश और फ्लैश फ्लड के बाद गंडक नदी के निचले इलाकों पर प्रशासन की विशेष नजर है। बराज एवं नदी क्षेत्र में जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है। प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों को किसी भी आपात स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव अभियान शुरू करने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री के निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सीमावर्ती एवं नदी किनारे के संवेदनशील इलाकों की स्थिति की जानकारी भी साझा की। प्रशासन की ओर से लोगों से सतर्क रहने और नदी के आसपास अनावश्यक रूप से नहीं जाने की अपील की गई है।



















