बगहा। सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा के साथ-साथ मानवीय सेवा का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करते हुए 65वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी), बेतिया के जवानों ने एक बार फिर अपनी संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई से एक ग्रामीण की जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कमांडेंट नंदन सिंह मेहरा के नेतृत्व एवं कुशल मार्गदर्शन में हुई इस कार्रवाई की क्षेत्र में व्यापक सराहना हो रही है।

जानकारी के अनुसार, शनिवार की रात लगभग एक बजे 65वीं वाहिनी के कार्यक्षेत्र अंतर्गत ग्राम खैरानी निवासी 50 वर्षीय राजकुमार अपने घर में सो रहे थे। इसी दौरान उन्हें जहरीले सांप ने काट लिया। घटना की जानकारी मिलते ही एसएसबी के जवान बिना समय गंवाए तत्काल मौके पर पहुंचे। जवानों ने पीड़ित की स्थिति का प्राथमिक आकलन किया और गंभीरता को देखते हुए उसे 65वीं वाहिनी की एम्बुलेंस से तत्काल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, हरनाटांड़ पहुंचाया। अस्पताल पहुंचते ही चिकित्सकों ने मरीज का इलाज शुरू कर दिया। समय पर अस्पताल पहुंच जाने के कारण पीड़ित की स्थिति पर शीघ्र नियंत्रण पाया जा सका। फिलहाल मरीज चिकित्सकों की निगरानी में है और उसकी हालत में लगातार सुधार बताया जा रहा है।
स्थानीय ग्रामीणों और पीड़ित के परिजनों ने एसएसबी के जवानों की तत्परता, संवेदनशीलता और मानवीय व्यवहार की मुक्तकंठ से प्रशंसा की। उनका कहना है कि यदि समय पर एसएसबी की टीम मौके पर नहीं पहुंचती, तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। ग्रामीणों ने इस सराहनीय कार्य के लिए 65वीं वाहिनी के सभी जवानों तथा कमांडेंट नंदन सिंह मेहरा के प्रति आभार व्यक्त किया।
सीमाओं की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध सशस्त्र सीमा बल समय-समय पर यह भी साबित करता रहा है कि वह केवल देश की सीमाओं का प्रहरी ही नहीं, बल्कि सीमावर्ती इलाकों में रहने वाले लोगों का भरोसेमंद साथी भी है। प्राकृतिक आपदाओं, दुर्घटनाओं और स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थितियों में एसएसबी के जवान लगातार राहत एवं बचाव कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं।

यह घटना एक बार फिर सिद्ध करती है कि 65वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल अपने आदर्श वाक्य "सेवा, सुरक्षा, बंधुत्व" को केवल शब्दों तक सीमित नहीं रखती, बल्कि उसे अपने कार्यों के माध्यम से धरातल पर साकार भी करती है। सीमावर्ती क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा, सहायता और जीवन रक्षा के प्रति एसएसबी की यह प्रतिबद्धता समाज में विश्वास और सुरक्षा की भावना को और अधिक मजबूत करती है।














